कुलमाग मुठभेड़ में मारे गए आतंकी कोरोना संक्रमित थे, रिपोर्ट ने खोली पाकिस्तान की घिनौनी साजिश की पोल


सांकेतिक तस्वीर
– फोटो : सोशल मीडिया

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जम्मू-कश्मीर के कुलमाग में शनिवार को मुठभेड़ में दो आतंकी मारे गए थे। दोनों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया था। साथ ही कोरोना जांच भी हुई। इस दौरान पाया गया कि दोनों आतंकी कोरोना संक्रमित थे। आतंकियों के संक्रमित पाए जाने की पुष्टि जम्मू-कश्मीर पुलिस ने भी की है।

सूत्रों के अनुसार पाक अधिकृत कश्मीर (पीओके) में एलओसी के करीब आतंकी शिविरों में आतंक के आकाओं द्वारा कोरोना फिदायीन तैयार किए जा रहे हैं। पाकिस्तानी सेना की लगातार ये ही कोशिश है कि इन कोरोना संक्रमित आतंकियों को ज्यादा से ज्यादा घुसपैठ के जरिए सीमा के इस पार धकेला जा सके।

यह भी पढ़ेंः अमेरिकी एम-4 राइफल बनी आतंकियों का पसंदीदा हथियार, जानिए इसमें ऐसा क्या है खास?

बता दें कि अमर उजाला ने 16 अप्रैल को ही पाकिस्तान द्वारा कोरोना फिदायीन की साजिश को उजागर किया था। इस दौरान एक ऑडियो क्लिप ने पाकिस्तान की पोल खोल दी थी। जिसमें पीओके में बैठा एक आतंकी अपने पिता से फोन पर बात करते हुए कह रहा था कि उसके कई साथी कोरोना संक्रमित हो चुके हैं। साथ ही तैयारी की जा रही है कि जितनी जल्दी हो सके उन्हें कश्मीर भेजा जाए। आतंकी ने अपने पिता को बताया कि उनके(पाकिस्तान में बैठे आतंकियों के आका) पास न तो खाना है और न ही दवाइयां। उनके पास अगर कुछ है तो केवल हथियार।

उस दौरान आतंकी और उसके पिता के बीच हुई बातचीत के अंश…

पिता को सलाम करते हुए आतंकी ने कहा- हैलो
पिता- कौन बोल रहा है?

आतंकी– अब्बू…मैं शाहिद बोल रहा हूं।
पिता- आज बड़े दिन बाद फोन किया है। सब ठीक तो है?

आतंकी– टाइम नहीं मिलता, आज मिला तो सोचा हाल खबर ले लूं।
पिता- तुम और तुम्हारे साथी ठीक तो हैं?

आतंकी– मैं तो ठीक हूं लेकिन पांच से छह साथी संक्रमित हो चुके हैं। और इनकी (आकाओं) कोशिश है कि जो संक्रमित हैं उन्हें जल्द से जल्द कश्मीर भेजा जाए।
पिता- उन्होंने कोई इंतजाम नहीं रखा क्या तुम लोगों के लिए वहां?

आतंकी– यहां केवल खुदा ही हाफिज है हमारा। न तो खाना है और न ही दवाइयां। उनके पास अगर कुछ है तो केवल हथियार।
पिता- तेरी मां बहुत परेशान है, जब से तू गया है। अपना ध्यान रखना।

पिता– आने का क्या प्लान है।
आतंकी– परेशान मत हो अल्लाह रहम करेगा। मैं भी कोशिश कर रहा हूं कि कोई रास्ता निकले तो मैं भी कश्मीर आऊं। मेरी ओर से सबको सलाम कहना।
 

उधर, चार अप्रैल को विक्टर फोर्स के जीओसी मेजर जनरल ए. सेनगुप्ता ने अमर उजाला के साथ बात करते हुए बताया था कि जो लोग पहले से संक्रमित हैं या संक्रमित हुए लोगों के संपर्क में रहे हैं, ऐसे लोगों से भी आतंकी जबरन खाना मांग रहे हैं। इतना ही नहीं ऐसे लोगों के संपर्क में भी आतंकी आ रहे हैं।

ऐसे हालात में इन आतंकियों के जरिए घाटी में संक्रमण फैल सकता है। जीओसी मेजर जनरल ने लोगों से अपील करते हुए कहा कि किसी भी आतंकी को पनाह मत दें। साथ ही इलाके में आतंकियों के पाए जाने पर सूचना दें।

जीओसी के अनुसार सेना की यह रणनीति है कि इलाके में सभी आतंकियों को जल्द मार गिराया जाए ताकि इनके जरिए वायरस न फैल पाए। आतंकी एक जगह से दूसरी जगह घूमते रहते हैं। इस वजह से संक्रमण फैलने का खतरा अधिक है। उन्होंने यह भी कहा कि सेना हर समय आवाम की मदद के लिए तैयार है।

जम्मू-कश्मीर के कुलमाग में शनिवार को मुठभेड़ में दो आतंकी मारे गए थे। दोनों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया था। साथ ही कोरोना जांच भी हुई। इस दौरान पाया गया कि दोनों आतंकी कोरोना संक्रमित थे। आतंकियों के संक्रमित पाए जाने की पुष्टि जम्मू-कश्मीर पुलिस ने भी की है।

सूत्रों के अनुसार पाक अधिकृत कश्मीर (पीओके) में एलओसी के करीब आतंकी शिविरों में आतंक के आकाओं द्वारा कोरोना फिदायीन तैयार किए जा रहे हैं। पाकिस्तानी सेना की लगातार ये ही कोशिश है कि इन कोरोना संक्रमित आतंकियों को ज्यादा से ज्यादा घुसपैठ के जरिए सीमा के इस पार धकेला जा सके।

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बता दें कि अमर उजाला ने 16 अप्रैल को ही पाकिस्तान द्वारा कोरोना फिदायीन की साजिश को उजागर किया था। इस दौरान एक ऑडियो क्लिप ने पाकिस्तान की पोल खोल दी थी। जिसमें पीओके में बैठा एक आतंकी अपने पिता से फोन पर बात करते हुए कह रहा था कि उसके कई साथी कोरोना संक्रमित हो चुके हैं। साथ ही तैयारी की जा रही है कि जितनी जल्दी हो सके उन्हें कश्मीर भेजा जाए। आतंकी ने अपने पिता को बताया कि उनके(पाकिस्तान में बैठे आतंकियों के आका) पास न तो खाना है और न ही दवाइयां। उनके पास अगर कुछ है तो केवल हथियार।

उस दौरान आतंकी और उसके पिता के बीच हुई बातचीत के अंश…

पिता को सलाम करते हुए आतंकी ने कहा- हैलो
पिता- कौन बोल रहा है?

आतंकी– अब्बू…मैं शाहिद बोल रहा हूं।
पिता- आज बड़े दिन बाद फोन किया है। सब ठीक तो है?


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आतंकी- टाइम नहीं मिलता, आज मिला तो सोचा हाल खबर ले लूं, फिर उसका पिता बोला…



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