रोजगार के लिए महिलाओं को दिये जाएंगे चरखा

रोजगार के लिए दिये महिलाओं को दिये जाएंगे चरखा
रोजगार के लिए दिये महिलाओं को दिये जाएंगे चरखा

केंद्र सरकार को रोजगार के मामलें में चारों-तरफ से घेरा जा रहा है। जी हाँ, केंद्र की मोदी सरकार पर लगातार आरोप लगाएं जा रहे है कि मोदी सरकार रोजगार देने में नाकाम रही है, तो ऐसे में केंद्र इन आरोपों को मुंहतोड़ जबाव देने के लिए एक योजना बना रही है। इस योजना के तहत अगले पांच सालों में 5 करोड़ ग्रामीण महिलाओं को रोजगार के लिए चरखा दियें जाएंगे।
तो इसके पीछे मोदी सरकार की ये चाल है….

आपको बता दें कि केंद्र की मोदी सरकार रोजगार देने और खादी को बढ़ावा देने के लिए 5 करोड़ ग्रामीण महिलाओं को अगले पांच सालों में चरखा देने की योजना बना रही है। जी हाँ, इस बात की जानकारी खुद गिरिराज सिंह ने दी है। दरअसल, एक तीर और दो निशाने के राह पर चल रही है बीजेपी इस समय। महिलाओं को चरखा देकर जहाँ एक तरफ रोजगार पर अपनी पीठ थपथपाएगी बीजेपी तो वहीं दूसरी तरफ गांधी जी के सपनों को साकार करने से अपनी वोट बैकिंग को बढ़ाएगी।

खादी फॉर फैशन….

आपको बता दें कि गांधी जयंती के मौके पर खादी भवन में कार्यक्रम को संबोधित करते हुए केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने कहा कि पीएम नरेंद्र मोदी द्वारा ‘खादी फॉर फैशन’ कहने के बाद, मोदी के इस सपने को साकार करने के लिए मंत्रालय ने पांच करोड़ ग्रामीण महिलाओं को चरखे से जोड़ने की योजना बनाई है। साथ ही गिरिराज ने ये भी कहा कि पीएम मोदी द्वारा खादी के लिए अपील करने के बाद से खादी युवाओं में लोकप्रिय बनता जा रहा है।

बहरहाल, केंद्र की इस योजना से महिलाओं को और देश को कितना फायदा होता है, यह तो खैर वक्त ही बताएगा, लेकिन अगर यह योजना जमीन पर उतर गई तो एक बार फिर से देश चरखामय नजर आएगा।