CICSE: बोर्ड ने दसवीं-बारहवीं कक्षा की रद्द परीक्षाओं के लिए मूल्यांकन योजना की घोषणा की

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एजुकेशन डेस्क, अमर उजाला
Updated Fri, 03 Jul 2020 06:48 PM IST

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काउंसिल फॉर द इंडियन स्कूल सर्टिफिकेशन एग्जामिनेशन (CISCE) ने शुक्रवार को दसवीं और बारहवीं कक्षा की लंबित परीक्षाओं के लिए मूल्यांकन योजना की घोषणा की। इन परीक्षाओं को कोरोना वायरस से बचाव के लिए लगे लॉकडाउन के दौरान स्थगित कर दिया गया था। सीआईएससीई की योजना के अनुसार, उम्मीदवारों का मूल्यांकन तीन अंकों के सर्वश्रेष्ठ तीन मापदंडों, पर्सेंटेज सब्जेक्ट प्रॉजेक्ट वर्क और प्रैक्टिकल वर्क के आधार पर किया जाएगा। जिन विषयों के लिए बोर्ड परीक्षा आयोजित की गई है, उनमें से छात्रों को औसत तीन प्रतिशत अंक प्राप्त होंगे।

इसे भी पढ़ें-राजस्थान विश्वविद्यालय ने यूजी और पीजी परीक्षाओं का टाइमटेबल जारी किया

बोर्ड की शेष परीक्षाओं का आयोजन एक से लेकर 14 जुलाई के बीच होना था, लेकिन काउंसिल ने इन्हें रद्द कर दिया था। सीआईएससीई ने हाल ही में उच्चतम न्यायालय को बताया था कि रद्द हुए परीक्षाओं के लिए जल्द ही मूल्यांकन योजन को बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट पर अपलोड किया जाएगा। अब बोर्ड तीन बिंदुओं के आधार पर ही विद्यार्थियों का रिजल्ट तैयार करेगा। बोर्ड परीक्षा में विद्यार्थियों के बेस्ट तीन पेपरों के नंबरों के औसत, विषय का आंतरिक मूल्यांकन और पर्संटेज सब्जेक्ट इंटर्नल असेसमेंट के आधार पर विद्यार्थियों का रिजल्ट तैयार होगा। विषय परियोजना (सब्जेक्ट प्रोजेक्ट) श्रेणी का अर्थ अभ्यर्थियों द्वारा पेपरों के आंतरिक मूल्यांकन में प्राप्त कुल अंकों से है। जबकि, प्रतिशत विषय परियोजना (पर्सेंटेज सब्जेक्ट प्रोजेक्ट) का अर्थ आंतरिक मूल्यांकन में उम्मीदवार द्वारा प्राप्त अंकों के प्रतिशत से है।

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काउंसिल फॉर द इंडियन स्कूल सर्टिफिकेशन एग्जामिनेशन (CISCE) ने शुक्रवार को दसवीं और बारहवीं कक्षा की लंबित परीक्षाओं के लिए मूल्यांकन योजना की घोषणा की। इन परीक्षाओं को कोरोना वायरस से बचाव के लिए लगे लॉकडाउन के दौरान स्थगित कर दिया गया था। सीआईएससीई की योजना के अनुसार, उम्मीदवारों का मूल्यांकन तीन अंकों के सर्वश्रेष्ठ तीन मापदंडों, पर्सेंटेज सब्जेक्ट प्रॉजेक्ट वर्क और प्रैक्टिकल वर्क के आधार पर किया जाएगा। जिन विषयों के लिए बोर्ड परीक्षा आयोजित की गई है, उनमें से छात्रों को औसत तीन प्रतिशत अंक प्राप्त होंगे।

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बोर्ड की शेष परीक्षाओं का आयोजन एक से लेकर 14 जुलाई के बीच होना था, लेकिन काउंसिल ने इन्हें रद्द कर दिया था। सीआईएससीई ने हाल ही में उच्चतम न्यायालय को बताया था कि रद्द हुए परीक्षाओं के लिए जल्द ही मूल्यांकन योजन को बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट पर अपलोड किया जाएगा। अब बोर्ड तीन बिंदुओं के आधार पर ही विद्यार्थियों का रिजल्ट तैयार करेगा। बोर्ड परीक्षा में विद्यार्थियों के बेस्ट तीन पेपरों के नंबरों के औसत, विषय का आंतरिक मूल्यांकन और पर्संटेज सब्जेक्ट इंटर्नल असेसमेंट के आधार पर विद्यार्थियों का रिजल्ट तैयार होगा। विषय परियोजना (सब्जेक्ट प्रोजेक्ट) श्रेणी का अर्थ अभ्यर्थियों द्वारा पेपरों के आंतरिक मूल्यांकन में प्राप्त कुल अंकों से है। जबकि, प्रतिशत विषय परियोजना (पर्सेंटेज सब्जेक्ट प्रोजेक्ट) का अर्थ आंतरिक मूल्यांकन में उम्मीदवार द्वारा प्राप्त अंकों के प्रतिशत से है।

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