हार्दिक पटेल ने गुजरात उपमुख्यमंत्री को कांग्रेस में आने का न्यौता दिया

गुजरात में नई सरकार बने अभी जुमा-जुमा आठ दिन भी नहीं हुए हैं और मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री के बीच तनातनी की खबरें आ रही हैं. सरकार बनने के महज तीन दिन बाद ही मुख्यमंत्री विजय रूपाणी और उपमुख्यमंत्री नितिन पटेल के बीच मनपसंद विभागों के बंटवारे के कारण अनबन की खबरें आने लगी थी. चर्चा थी कि बीजेपी आलाकमान नितिन पटेल को सीएम बना सकती है. लेकिन ऐन मौके पर उन्हें फिर से डिप्टी सीएम बना दिया गया. माना जा रहा है कि इस बार नितिन पटेल समझौता करने के मूड में नहीं हैं. नितिन पटेल वित्त और शहरी विकास मंत्रालय को अपने पास रखने को लेकर अड़े हुए हैं. 28 दिसंबर को हुए पोर्टफोलियो वितरण में डिप्टी सीएम से तीन अहम विभाग ले लिये गये हैं इनमें वित्त, शहरी विकास और पेट्रोलियम मंत्रालय शामिल है.

और भी हैं नाराज़

वडोदरा के विधायक राजेन्द्र त्रिवेदी भी पार्टी नेतृत्व से नाराज़ हैं. बताया जा रहा है कि इस नाराजगी की वजह वडोदरा से किसी भी विधायक को कैबिनेट में शामिल नहीं किया जाना है. सूत्रों के मुताबिक भड़के राजेन्द्र त्रिवेदी ने 10 विधायकों के साथ पार्टी छोड़ने की धमकी दी है. कुछ ऐसी ही धमकी दक्षिण गुजरात के नेताओं ने भी पार्टी आलाकमान को दी है.

हार्दिक ने दिया कांग्रेस में आने का न्यौता

गुजरात के मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री के बीच की लड़ाई में बाहरी लोगों को बात कारनमे का मौक़ा मिल गया है. दरअसल पाटीदार नेता हार्दिक पटेल ने उपमुख्यमंत्री नितिन पटेल को अपने साथ शामिल होने का न्योता दिया है. हार्दिक ने कहा है कि अगर बीजेपी में नितिन पटेल का सम्मान नहीं हो रहा है, तो वे कांग्रेस ज्वाइन कर सकते हैं.

हार्दिक ने बोटाड में पाटीदार अनामत आंदोलन समिति की बैठक से पहले नितिन पटेल को एक ख़ास सन्देश दिया. पाटीदार नेता ने कहा है कि वे नितिन पटेल के लिए कांग्रेस पार्टी से बात करेंगे ताकि उन्हें सही जगह मिले और उनके साख पर कोई सवाल ना उठे. हार्दिक ने बताया, ‘अगर नितिन भाई 10 विधायकों के संग बीजेपी छोड़ने को तैयार हो जाते हैं, तो हम कांग्रेस में उन्हें उपयुक्त पद देने की बात करेंगे.

घर की लड़ाई पर चुप्पी साधे हुए हैं रूपाणि

नितिन पटेल से अपनी अनबन को लेकर मुख्यमंत्री विजय रूपाणी ने कुछ भी कहने से इनकार कर दिया है. अहमदाबाद नगर निगम द्वारा आयोजित फूलों की प्रदर्शनी के उद्घाटन के दौरान जब उनसे विभागों के बंटवारों को लेकर नितिन पटेल की नाराज़गी के बारे में सवाल पूछा गया, तो उन्होंने जबाव नहीं दिया और मुस्कुराते हुए बोले कि फिलहाल फूलों की प्रदर्शनी से जुड़ा सवाल पूछा जाना चाहिए.