SAARC में भारत और पाकिस्तान होंगे आमने-सामने, लेकिन नहीं होगी कोई मीटिंग

भारत और पकिस्तान के बीच रिश्ते किस प्रकार के है यह किसी से छिपा नहीं है. पठानकोट हमले के बाद से भारत ने पाकिस्तान से कोई वार्ता या मीटिंग नहीं की है. हालांकि भारत और पाकिस्तान की सेनाओं ने हाली में पहली बार साझा अभ्यास जरुर किया था लेकिन वह शंघाई सहयोग संघठन के आयोजन के मौके पर किया गया था.

SAARC में आमने सामने होंगे भारत-पाक के विदेश मंत्री लेकिन नहीं होगी बैठक

पाकिस्तान और भारत के विदेश मंत्री का इस महीने के आखिर में आमना-सामना हो सकता है. दोनों देशों के विदेश मंत्री न्यू यॉर्क में होने वाले सार्क मंत्रिस्तरीय बैठक में हिस्सा लेंगे. इस दौरान पाकिस्तान के विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी और भारत की विदेश मंत्री सुषमा स्वराज का आमना-सामना होगा. हालांकि दोनों देशों के नेताओं में कोई द्धिपक्षीय बैठक नहीं होगी.

 

इमरान खान के पाकिस्तान के प्रधानमंत्री बनने के बाद पहली बार दोनों देशों के विदेश मंत्री होंगे आमने सामने

25 सितंबर से शुरू हो संयुक्त राष्ट्र महासभा से इतर होने वाली सार्क मंत्रिस्तरीय बैठक हर साल होती है. पिछले साल की तरह इस बार भी विदेश मंत्री इस बैठक में हिस्सा लेंगी. पाकिस्तान में इमरान खान के प्रधानमंत्री बनने के बाद यह पहला मौका होगा जब दोनों देशों के विदेश मंत्री आमने-सामने होंगे.

बता दे सार्क की बैठक 27 सितंबर को होगी. इस बैठक में भारत, पाकिस्तान, भूटान, नेपाल, बांग्लादेश, श्रीलंका और मालदीव के विदेश मंत्री बैठक में हिस्सा लेंगे. वही भारतीय विदेश मंत्री सुषमा स्वराज 29 सितंबर को सयुक्त राष्ट्र महासभा को संबोधित करेंगी.

पीएम मोदी ने दी थी इमरान खान को जीत की बधाई

पाकिस्तान में नई सरकार बनते ही दोनों देशों के रिश्तों में सुधार की आस लगाई गई. इसी कड़ी में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पाकिस्तान के भावी प्रधानमंत्री और तहरीक-ए इंसाफ पाकिस्तान के चीफ इमरान खान को चुनाव में जीत के लिए बधाई दी थी. पीएम मोदी ने खुद इमरान खान से बात की और उन्हें सबसे ज्यादा सीटें जीतने पर मुबारकबाद दी.

पीएम मोदी ने पाकिस्तान में लोकतंत्र की जड़ें मजबूत होने की उम्मीद जताई. साथ ही उन्होंने पड़ोसी मुल्कों के साथ विकास और शांति के अपने विजन का भी इमरान खान से बातचीत में जिक्र किया.